कहता है बिहार – अभिषेक सिंह

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कहता है बिहार-
क्यों नहीं किया तुम सबने पहले भी इतना प्यार,
चुनाव के समय मीडिया कर रही इतना सवाल,
यही पहले कर लेते तो न होता मेरा ये हाल ।


कहता है बिहार-
आज कितना प्यार कर रहे हो मुझको,
मेरी हर एक तकलीफों का हो रहा एहसास तुझको,
कर लेते यही एहसास सालो से,
मै लड़ता नहीं रहता अपने हालो से ।


कहता है बिहार-
पता है मुझे नहीं मिलोगे मुझसे 5 नवंबर के बाद,
भले ही सपने जो दिखा रहे अभी हो जाये बर्बाद ।
कहता है बिहार-
उस आस में आज भी जी रहा,
कुछ आभास है इसलिए ये सब पी रहा ।
मेरा भविष्य बनाएगा मेरा अपना 8 करोर युवा,
वो सामझ जायेगा ये और कुछ नहीं स्वार्थ के सिवा ।
मेरी इस ताकत को भी चुनाव में बहका रहे हो,
तुझे भी मैंने पाला है, फिर नहीं शर्मा रहे हो ।


कहता है बिहार-
तू कितना भी खेल मेरे से हर चुनाव में,
एक दिन मेरे बच्चे लेके आयेंगे तेरे सारे कर्मो को पराव में ।
जिस दिन मेरे बच्चे समझ गए तेरा खेल ये सारा,
वही बदल देंगे इस देश का नज़ारा ।
देखना उस दिन मै मुस्कुराऊँगी,
मै ही सही तरीके में भारत की रानी कहलाऊंगी ।

Written By: Abhishek Singh, Chairman at Indo American Chamber of Commerce, Managing Director at Bizloanand Secretary General at Bihar Entrepreneurs Association (BEA)

Krishna Kumar
The state of Bihar has given a lot to the history of humanity but in recent past we had given child labour, women harresment, theft, murder and corruption. I am here to raise the voice.!

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