कहाँ जइब भइया

कहाँ जइब भइया

कहाँ जइबऽ भइया? लगावऽ पार नइया, तूँ मोर दुख देखि ल नेतर से बटोहिया। सुनऽ हो गोसइयाँ, परत बानी पइयाँ, रचि-रचि कहिहऽ बिपतियाँ बटोहिया। छोडि़ […]